सूरजपुर, 25 अगस्त (हि.स.)। सड़क दुर्घटनाओं में घायलों को समय पर उपचार और राहत उपलब्ध कराने के उद्देश्य से आज मंगलवार को जिला पंचायत सभाकक्ष में प्रधानमंत्री राहत योजना पर एक दिवसीय कार्यशाला सह प्रशिक्षण आयोजित किया गया। छत्तीसगढ़ के मुख्य सचिव के निर्देशानुसार और कलेक्टर रेना जमील के मार्गदर्शन में आयोजित कार्यक्रम की अध्यक्षता पुलिस अधीक्षक योगेश पटेल ने की। प्रशिक्षण में दुर्घटना पीड़ितों को गोल्डन आवर में त्वरित उपचार उपलब्ध कराने तथा पुलिस और स्वास्थ्य विभाग के बीच बेहतर समन्वय पर जोर दिया गया।
पुलिस अधीक्षक योगेश पटेल ने कहा कि पीएम राहत योजना का उद्देश्य दुर्घटना पीड़ितों को तत्काल उपचार एवं राहत सहायता उपलब्ध कराना है। दुर्घटना के समय चिकित्सक और पुलिस फर्स्ट रिस्पॉन्डर की भूमिका में होते हैं, इसलिए दोनों विभागों की जिम्मेदारी महत्वपूर्ण हो जाती है।
उन्होंने आम नागरिकों से अपील की कि दुर्घटना होने पर घायल व्यक्ति का वीडियो बनाने के बजाय उसे तत्काल अस्पताल पहुंचाने में सहयोग करें। उन्होंने कहा कि समय पर मिलने वाली मदद किसी घायल व्यक्ति की जान बचाने में महत्वपूर्ण साबित हो सकती है।
कार्यशाला में गोल्डन आवर के महत्व पर विशेष जोर दिया गया। बताया गया कि दुर्घटना के तुरंत बाद का समय घायल व्यक्ति के उपचार के लिए बेहद महत्वपूर्ण होता है। योजना के तहत सड़क दुर्घटना में घायल पीड़ितों को गोल्डन आवर के दौरान बिना विलंब अस्पताल में भर्ती कर अधिकतम सात दिनों तक प्रति व्यक्ति 1.50 लाख रुपये तक का कैशलेस उपचार उपलब्ध कराया जाएगा।
कार्यशाला में एनआईसी के डीआईओ रोहन सिंह ने पीएम राहत योजना की रूपरेखा की जानकारी दी। वहीं डीआरएम जयप्रकाश मेश्राम ने योजना के क्रियान्वयन की प्रक्रिया विस्तार से समझाई। उन्होंने ई-डार पोर्टल की क्रमवार प्रक्रिया की जानकारी देते हुए प्रशिक्षणार्थियों को हैंड्स-ऑन प्रशिक्षण दिया।
कार्यक्रम में बताया गया कि पीएम राहत योजना और ई-डार का उद्देश्य सड़क दुर्घटनाओं में घायल व्यक्तियों को समय पर गुणवत्तापूर्ण उपचार उपलब्ध कराना है। इसके लिए पुलिस और स्वास्थ्य विभाग को बेहतर तालमेल के साथ काम करने तथा प्रत्येक दुर्घटना पीड़ित तक समय पर उपचार पहुंचाने पर जोर दिया गया।
कार्यशाला में एसडीओपी अभिषेक पैकरा, सभी थाना प्रभारी एवं विवेचक, सीसीटीएनएस ऑपरेटर सहित परिवहन, हाईवे और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।
हिन्दुस्थान समाचार / विष्णु पांडेय




